NASA की सैटेलाइट तकनीक से प्राचीन चित्र उजागर
मूल शीर्षक: Technique for Manipulating Satellite Photos Now Reveals Ancient Images (2025)
यह क्यों महत्वपूर्ण है
NASA की सैटेलाइट इमेजिंग तकनीक का पुरातत्व में उपयोग, अंतर-क्षेत्रीय तकनीकी हस्तांतरण का महत्वपूर्ण उदाहरण है।
NASA के Jet Propulsion Laboratory में विकसित 'Decorrelation Stretch' एल्गोरिदम, जो मूलतः सैटेलाइट इमेजरी के लिए बनाया गया था, अब प्राचीन रॉक आर्ट और मंदिर चित्रों को उजागर करने में उपयोग किया जा रहा है। 2010-2012 के बीच Angkor Wat में करीब 200 अदृश्य चित्र इससे खोजे गए।
कंबोडिया के प्राचीन मंदिर Angkor Wat की केंद्रीय मीनार के एक कक्ष की दीवारों पर घुड़सवारों और संगीत समूह के चित्र हैं, जो इतने धुंधले हो चुके हैं कि हजारों दैनिक आगंतुक उन्हें देख नहीं पाते। 2010 से 2012 के बीच एक सिंगापुरी पुरातत्वविद ने NASA की तकनीक 'Decorrelation Stretch' से इन्हें और लगभग 200 अन्य चित्रों को खोजा।
यह तकनीक डिजिटल इमेजरी में रंगों के बीच सूक्ष्म अंतर को उभारती है। गणित में Berkeley से PhD प्राप्त Jon Harman ने 2005 के आसपास एक रॉक आर्ट सम्मेलन में NASA के Mars Exploration Rover की तस्वीरें देखकर इस तकनीक को समझा। अपने medical imaging अनुभव का उपयोग कर उन्होंने DStretch plug-in और Android/iOS ऐप्स विकसित किए।
यह तकनीक Karhunen–Loève Transform पर आधारित है — एक सांख्यिकीय प्रमेय, जिसके सह-आविष्कारक Michel Loève स्वयं Harman के पूर्व गणित प्रोफेसर थे। DStretch plug-in, NIH द्वारा विकसित ओपन-सोर्स प्रोग्राम ImageJ के साथ काम करता है।
इस प्रक्रिया की नींव रखने वाला 1996 का शोधपत्र JPL के कर्मचारी Ronald Alley ने लिखा था, जो उस समय Advanced Spaceborne Thermal Emission and Reflection Radiometer (ASTER) परियोजना से जुड़े थे। ASTER को जापान ने बनाया और 1999 में Terra सैटेलाइट पर लॉन्च किया गया, जो आज भी MODIS के साथ सक्रिय है।