AIと量子コンピュータで新ペプチド生成に成功

मूल शीर्षक: Scientists’ Side Hustle? Using AI and Quantum Computing to Generate New Peptides

यह क्यों महत्वपूर्ण है

Quantum Computing और AI का यह संयोजन दुर्लभ बीमारियों और उपेक्षित आबादी के लिए दवा खोज में नई संभावनाएं खोलता है।

デンマーク工科大学の研究チームが、英国スタートアップORCA Computingの量子コンピュータとAIを組み合わせ、特定タンパク質に結合する新規ペプチドの生成に成功した。研究者たちは週末と他プロジェクトの余剰資金を活用してこの研究を実施した。

डेनमार्क की Technical University of Denmark (DTU) की एक शोध टीम ने AI और Quantum Computing को मिलाकर नए peptides उत्पन्न करने में सफलता प्राप्त की है। इस काम में ब्रिटिश स्टार्टअप ORCA Computing का एक प्रिंटर के आकार का quantum computer उपयोग किया गया, जो quantum और पारंपरिक processors को जोड़ता है।

शोधकर्ताओं ने इस hybrid तकनीक का उपयोग करके ऐसे नए peptides — amino acids की छोटी श्रृंखलाएं — बनाए जो शरीर के विशिष्ट proteins से जुड़ सकते हैं। यह vaccine निर्माण में एक महत्वपूर्ण कदम है।

DTU के प्रोफेसर Timothy Patrick Jenkins के नेतृत्व में यह टीम सप्ताहांत में काम करती थी और अन्य परियोजनाओं की बची हुई धनराशि का उपयोग करती थी, क्योंकि उनके अनुसार "अधिकांश अभिनव विज्ञान foundations के लिए बहुत जोखिम भरा होता है।"

प्रयोगशाला में peptides का परीक्षण करने पर पाया गया कि quantum-assisted model ने classical counterpart की तुलना में अधिक सफल peptides उत्पन्न किए, विशेष रूप से उन क्षेत्रों में जहां training data कम थी। टीम का मानना है कि यह तकनीक personalized immunotherapies और vaccines के विकास को तेज कर सकती है, तथा Asia और Africa जैसी कम अध्ययन की गई आबादी के लिए दवाओं की प्रभावशीलता बढ़ा सकती है।

हालांकि, DTU के PhD छात्र Jonathan Funk ने स्वीकार किया कि quantum computers अभी भी इतने शक्तिशाली नहीं हैं कि पूर्ण पैमाने पर AI models चला सकें। फिलहाल वे सामान्य आकार के antibody को encode नहीं कर सकते।

स्रोत

wired.com — मूल लेख पढ़ें →