साइबर सिक्योरिटी अब proof of work जैसी दिखती है

मूल शीर्षक: Cybersecurity looks like proof of work now

यह क्यों महत्वपूर्ण है

यह AI-driven साइबर सिक्योरिटी में fundamental shift दिखाता है जो पूरे इंडस्ट्री को प्रभावित करेगा।

Anthropic के Mythos AI मॉडल ने साइबर सिक्योरिटी में नई क्रांति ला दी है। AISI रिपोर्ट के अनुसार, सुरक्षा अब टोकन खर्च करने की होड़ बन गई है। 100M टोकन ($12,500) प्रति प्रयास की लागत से सिस्टम हार्ड करना पड़ता है।

Anthropic के Mythos AI मॉडल ने साइबर सिक्योरिटी के क्षेत्र में एक नया युग शुरू किया है। AI Security Institute (AISI) की रिपोर्ट के अनुसार, Mythos एक जटिल कॉर्पोरेट नेटवर्क अटैक सिमुलेशन को पूरा करने वाला एकमात्र मॉडल है। 'The Last Ones' नामक 32-स्टेप अटैक सिमुलेशन को पूरा करने में इंसान को 20 घंटे लगते हैं, लेकिन Mythos ने 10 में से 3 बार इसे सफलतापूर्वक पूरा किया। प्रत्येक प्रयास में 100M टोकन ($12,500) खर्च होते हैं। AISI ने पाया कि मॉडल्स को जितने अधिक टोकन दिए जाएं, उनका प्रदर्शन बेहतर होता जाता है। यह साइबर सिक्योरिटी को एक सरल गणित में बदल देता है - सिस्टम को सुरक्षित करने के लिए हमलावरों से अधिक टोकन खर्च करने पड़ते हैं। यह cryptocurrency के proof of work सिस्टम जैसा है, जहां सफलता कम्प्यूटेशनल पावर से तय होती है। इससे open source software की महत्ता और बढ़ जाती है, क्योंकि व्यापक उपयोग वाले OSS libraries को सुरक्षित करने में अधिक निवेश होता है।

स्रोत

dbreunig.com — मूल लेख पढ़ें →