Google DeepMind ने AlphaGenome Atlas लॉन्च किया
मूल शीर्षक: Google DeepMind Releases AlphaGenome Atlas
यह क्यों महत्वपूर्ण है
मानव जीनोम के 98% non-coding क्षेत्र की व्यापक मैपिंग से रोग अनुसंधान और जीनोमिक्स में नई संभावनाएं खुल सकती हैं।
Google DeepMind ने 8 सितंबर 2026 को AlphaGenome Atlas जारी किया। यह मानव DNA में आनुवंशिक उत्परिवर्तन आणविक जीव विज्ञान को कैसे प्रभावित करते हैं, इसका अब तक का सबसे व्यापक और उच्च-रिज़ॉल्यूशन कैटलॉग है।
Google DeepMind ने AlphaGenome Atlas का अनावरण किया, जिसे मानव DNA के आनुवंशिक उत्परिवर्तनों और आणविक जैविक प्रक्रियाओं पर उनके प्रभावों का सबसे व्यापक कैटलॉग बताया गया है। मानव जीनोम में लगभग 3 अरब base pair होते हैं, लेकिन इनमें से केवल 2% भाग, जो प्रोटीन के लिए कोड करता है, वैज्ञानिकों को अपेक्षाकृत अच्छी तरह समझ में आता है। शेष 98% non-coding क्षेत्र अब तक काफी हद तक रहस्यमय बना हुआ था। Google DeepMind के AlphaGenome मॉडल ने पहले ही यह प्रदर्शित किया था कि non-coding DNA क्षेत्रों में एकल परिवर्तन प्रोटीन उत्पादन जैसी आणविक प्रक्रियाओं को कैसे बाधित कर सकते हैं। AlphaGenome Atlas उस शोध को और आगे ले जाते हुए एक उच्च-रिज़ॉल्यूशन मानचित्र प्रदान करता है। यह पहल VP of Science एवं Google Cloud के Chief Scientist Pushmeet Kohli और Genomics Initiative Lead Žiga Avsec के नेतृत्व में तैयार की गई है। इस Atlas का उद्देश्य वैज्ञानिकों को जीनोम के उस विशाल और अज्ञात हिस्से को बेहतर ढंग से समझने में मदद करना है, जो बीमारियों और जैविक प्रक्रियाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।